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02 Oct, 2026
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Share Market Today: 5 अक्टूबर को किस तरफ जाएगा बाजार? Nifty-Sensex पर इन संकेतों की रहेगी नजर
2 अक्टूबर को गांधी जयंती के कारण NSE-BSE बंद हैं। जानिए 5 अक्टूबर को बाजार खुलने पर Sensex-Nifty की दिशा किन प्रमुख संकेतों पर निर्भर करेगी और किन स्तरों पर निवेशकों की नजर रहेगी।
नई दिल्ली: भारतीय शेयर बाजार आज 2 अक्टूबर को गांधी जयंती के कारण बंद है। ऐसे में निवेशकों की नजर अब 5 अक्टूबर के अगले कारोबारी सत्र पर है। पिछले कारोबारी दिन बाजार में लगातार चौथे सत्र गिरावट देखने को मिली थी।
पिछले सत्र में बाजार का हाल
1 अक्टूबर को Sensex 570.59 अंक गिरकर 71,909.70 पर बंद हुआ, जबकि Nifty 50 में 198.50 अंकों की गिरावट रही और यह 22,421.95 पर बंद हुआ।
बाजार में विदेशी निवेशकों की बिकवाली, अमेरिकी बॉन्ड यील्ड और कच्चे तेल की कीमतों से जुड़ी चिंताओं का दबाव रहा।
5 अक्टूबर को बाजार किस दिशा में जा सकता है?
मौजूदा संकेतों को देखते हुए अगले कारोबारी सत्र में बाजार में वोलैटिलिटी यानी उतार-चढ़ाव देखने को मिल सकता है। हालांकि छुट्टी के कारण आज कोई नया घरेलू कारोबार संकेत नहीं बनेगा।
निवेशकों की नजर मुख्य रूप से इन चीजों पर रहेगी:
- विदेशी निवेशकों की खरीद-बिक्री
- कच्चे तेल की कीमत
- अमेरिकी बॉन्ड यील्ड
- रुपये की चाल
- एशियाई और अमेरिकी बाजारों का प्रदर्शन
- Nifty का 22,400 के आसपास का क्षेत्र
Nifty के लिए अहम स्तर
पिछले सत्र में Nifty 22,421.95 पर बंद हुआ। इसलिए अगले सत्र में 22,400 के आसपास की गतिविधि बाजार के लिए महत्वपूर्ण हो सकती है।
अगर बाजार में खरीदारी लौटती है तो ऊपरी स्तरों पर मजबूती देखने को मिल सकती है। वहीं बिकवाली बढ़ने पर बाजार पर फिर दबाव आ सकता है।
ध्यान दें: ये स्तर बाजार की मौजूदा स्थिति के आधार पर चर्चा के लिए हैं, इन्हें निश्चित भविष्यवाणी या खरीद-बिक्री की सलाह नहीं माना जाना चाहिए।
बाजार में गिरावट की बड़ी वजहें
हालिया गिरावट में विदेशी फंडों की बिकवाली, ऊंची वैश्विक बॉन्ड यील्ड और कच्चे तेल से जुड़े दबाव प्रमुख बाजार कारकों में रहे हैं।
भारत के वित्त मंत्रालय की सितंबर 2026 की आर्थिक समीक्षा में भी भू-राजनीतिक तनाव, ऊंचे कच्चे तेल और वैश्विक वित्तीय परिस्थितियों को अर्थव्यवस्था के लिए जोखिम बताया गया है।
निवेशकों को क्या देखना चाहिए?
5 अक्टूबर को बाजार खुलने के बाद शुरुआती उतार-चढ़ाव के बजाय वैश्विक संकेतों और विदेशी निवेशकों की गतिविधि पर नजर रखना महत्वपूर्ण होगा। बाजार की दिशा एक ही संकेत से तय नहीं होती।
निष्कर्ष
2 अक्टूबर को बाजार बंद है और अगला नियमित कारोबार 5 अक्टूबर को होगा। पिछले सत्र की कमजोरी के बाद निवेशकों की नजर अब Nifty और Sensex की शुरुआती चाल, FII activity, crude oil और global markets पर रहेगी।
यह लेख केवल सामान्य बाजार जानकारी के लिए है। इसे निवेश या ट्रेडिंग की व्यक्तिगत सलाह न माना जाए।